UP Board Solutions for Class 12 Computer Chapter 3 लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम

UP Board Solutions for Class 12 Computer Chapter 3 लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम are part of UP Board Solutions for Class 12 Computer. Here we have given UP Board Solutions for Class 12 Computer Chapter 3 लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम.

BoardUP Board
TextbookNCERT
ClassClass 12
SubjectComputer
ChapterChapter 3
Chapter Nameलाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम
Number of Questions Solved21
CategoryClass 12 Computer

UP Board Solutions for Class 12 Computer Chapter 3 लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम

बहुविकल्पीय प्रश्न (1 अंक)

प्रश्न 1
लाइनक्स किसके समान है?
(a) DOS
(b) WINDOWS
(c) UNIX
(d) SUN
उत्तर:
(e) UNIX

प्रश्न 2
लाइनक्स निम्न में से किस OS के समतुल्य है?
(a) डॉस
(b) विण्डोज
(c) यूनिक्स
(d) सोलेरिस
उत्तर:
(c) यूनिक्स

प्रश्न 3
लाइनक्स का मूल विकासकर्ता कौन है?
अथवा
लाइनक्स कर्नेल को किसने विकसित किया है?
अथवा
लाइनक्स विकास की शुरुआत किसने की?
(a) Linus Torvalds
(b) Microsoft
(c) Pascal
(d) इनमें से कोई नहीं
उत्तर:
(a) Linus Torvalds

प्रश्न 4
निम्न में से कौन-कौन लाइनक्स के रूपान्तर हैं?
(a) Red hat
(b) SUSE
(c) UBUNTU
(d) इनमें से कोई नहीं
उत्तर:
(a) Red hat

प्रश्न 5
ट्राइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम में न्यूनतम कितनी रैम होनी चाहिए?
(a) 2MB
(b) 4MB
(c) 6MB
(d) 8MB
उत्तर:
(b) 4MB

प्रश्न 6
लाइनक्स निम्न में से कैसा ऑपरेटिंग सिस्टम है?
(a) सिंगल यूजर
(b) डबल यूजर
(C) मल्टी यूजर
(d) इनमें से कोई नहीं
उत्तर:
(c) मल्टी यूजर

प्रश्न 7. किसी फाइल के पेज को पढ़ने के लिए किस कमाण्ड का प्रयोग किया जाता है?
(a) rd
(b) rm
(c) more
(d) touch
उत्तर:
(c) more

अतिलघु उत्तरीय प्रश्न (1 अंक)

प्रश्न 1
लाइनक्स विकासकर्ता पर टिप्पणी कीजिए।
अथवा
लाइनक्स का विकास कब और किसके द्वारा किया गया?
उत्तर:
लाइनक्स को सन् 1991 में लीनस टॉरवाल्डस नामक विद्यार्थी ने हेलसिंकी विश्वविद्यालय, फिनलैण्ड में एक प्रोजेक्ट से विकसित किया था।

प्रश्न 2
डेबियन ऑपरेटिंग सिस्टम को परिभाषित कीजिए।
उत्तर:
डेबियन ऑपरेटिंग सिस्टम एक फ्री सॉफ्टवेयर है। यह जीएनयू द्वारा डिस्ट्रीब्यूट किया जाता है। इसकी मुख्य तीन शाखाएँ हैं-स्थिर, परीक्षण तथा अस्थिर।

प्रश्न 3
लाइनक्स की एक विशेषता बताइए।
उत्तर:
लाइनक्स की प्रमुख विशेषता यह है कि यह एक मल्टी यूजर ऑपरेटिंग सिस्टम है, जिसमें एक समय में विभिन्न यूजर्स अपने प्रोग्राम को एक साथ रन कर सकते हैं।

प्रश्न 4
कर्नेल का लाइनक्स में क्या कार्य है?
उत्तर:
लाइनक्स का मुख्य भाग कर्नेल होता है जो अन्य प्रोगामों को चलाता रहता है। कर्नेल हार्डवेयर के साथ सीधा सम्पर्क बनाता है।

प्रश्न 5
लाइनक्स फाइल सिस्टम में नई फाइल बनाने के लिए किस कमाण्ड का प्रयोग किया जाता है?
उत्तर:
नई फाइल बनाने के लिए touch कमाण्ड का प्रयोग किया जाता है।

लघु उत्तरीय प्रश्न (2 अंक)

प्रश्न 1
लाइनक्स पर संक्षिप्त टिप्पणी लिखिए।
उत्तर:
लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम यूनिक्स का ही प्रतिरूप है, जिसे स्वतन्त्र रूप से विकसित किया गया है। यह फ्री में उपलब्ध है तथा यूजर्स इसे इण्टरनेट से डाउनलोड करने के साथ-साथ अपडेट भी कर सकते हैं। लाइनक्स, ऑपरेटिंग सिस्टम में चलने वाले प्रायः सभी प्रकार के सॉफ्टवेयर्स को भी सरलता से उपलब्ध कराता है; जैसे-वर्ड प्रोसेसर, स्प्रेडशीट, प्रेजेण्टेशन, डेस्कटॉप पब्लिशिंग, इमेज प्रोसेसिंग आदि।

प्रश्न 2
लाइनक्स के इतिहास को संक्षेप में बताइए।
उत्तर:
लाइनक्स एक ऑपरेटिंग सिस्टम है। सन् 1991 में एटी एण्ड टी (AT & T) बेल प्रयोगशाला में कुछ शोधकर्ताओं (Researchers) ने संयुक्त रूप से एक ऑपरेटिंग सिस्टम का विकास किया, जिसका नाम मल्टिक्स रखा गया।
इसकी शुरुआत लीनस टॉरवाल्ड्स नामक विद्यार्थी ने एक प्रोजेक्ट के रूप में की थी। लीनस के नाम पर ही इस ऑपरेटिंग सिस्टम का नाम लाइनक्स पड़ा।

प्रश्न 3
लाइनक्स के फाइल सिस्टम को समझाइए।
उत्तर:
लाइनक्स का फाइल सिस्टम एम एस डॉस के फाइल सिस्टम से मिलता-जुलता है। इसमें भी कम्प्यूटर पर स्टोर की गई समस्त सूचनाओं को फाइलों में व्यवस्थित करके रखा जाता है। फाइलों को डायरेक्ट्रियों में हाइरार्की (Hierarchy) के अनुसार व्यवस्थित किया जाता है। किसी डायरेक्ट्री में फाइलें तथा अन्य डायरेक्ट्रियाँ हो सकती हैं, जिन्हें उप-डायरेक्ट्री कहा जाता है तथा सबसे ऊपर की डायरेक्ट्री को रूट डायरेक्ट्री कहा जाता है।

प्रश्न 4
लाइनक्स व यूनिक्स में भेद कीजिए।
उत्तर:
लाइनक्स व यूनिक्स में भेद निम्न हैं।

UP Board Solutions for Class 12 Computer Chapter 3 लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम 3

लघु उत्तरीय प्रश्न II (3 अंक)

प्रश्न 1
निम्न पर टिप्पणी लिखिए।
(i) रेड हैट
(ii) ट्राइनक्स
(iii) रूट डायरेक्ट्री
उत्तर:
(i) रेड हैट यह लाइनक्स को सबसे प्रचलित संस्करण है। यह सर्वर के x86, X86 – 64, पावरपीसी और IBM सिस्टम Z प्रकार के प्रचालन हेतु विभिन्न संस्करणों में जारी किया गया है। इसका सोर्स कोड ओपन रहता है।
(ii) इनक्स यह एक कॉम्पैक्ट लाइनक्स रैम-डिस्क डिस्ट्रीब्यूशन है, जिसको एक से तीन फ्लॉपी डिस्कों पर स्टोर किया जा सकता है। इसमें न्यूनतम रैम 4MB होनी चाहिए।
(iii) रूट डायरेक्ट्री लाइनक्स के फाइल सिस्टम में सबसे ऊपर की डायरेक्ट्री को रूट डायरेक्ट्री कहा जाता है। इसका कोई नाम नहीं होता, इसे एक स्लैश (/) से व्यक्त किया जाता है।

प्रश्न 2
लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम की कमियाँ बताओ।
उत्तर:
लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम की कमियाँ निम्न हैं।

  • इसमें सभी आदेशों को उनके प्रारूप सहित याद रखना पड़ता है, इसलिए इस पर कार्य करना कठिन है।।
  • इसमें किसी सॉफ्टवेयर को स्थापित करना या उसे हटाना भी बहुत कठिन होता है।
  • नए यूजर के लिए कमाण्ड लाइन का प्रयोग सीखना कठिन है, क्योंकि पॉइण्टिंग या क्लिकिंग के स्थान पर उपयोगकर्ता को कमाण्ड्स याद रखनी पड़ती है।
  • लाइनक्स के लिए उपलब्ध विभिन्न सॉफ्टवेयर्स की सूचना सामान्य उपयोगकर्ता को न होने के कारण इसका प्रयोग सीमित है।
  • लाइनक्स केस सेन्सिटिव (Case sensitive) है अर्थात् इसमें अंग्रेजी वर्णमाला के छोटे और बड़े अक्षरों को अलग-अलग माना जाता है।
  • लाइनक्स में नये हार्डवेयर को जोड़ना सरल नहीं है। किसी नये हार्डवेयर के लिए उसका ड्राइवर, हार्डवेयर निर्माता को ही तैयार करना पड़ता है।

प्रश्न 3
लाइनक्स में फाइलों को कैसे हैण्डल करते हैं? उदाहरण द्वारा समझाइए।
उत्तर:
लाइनक्स का फाइल सिस्टम एम एस डॉस के फाइल सिस्टम से मिलता-जुलता है। इसमें भी कम्प्यूटर पर स्टोर की गई समस्त सूचनाओं को फाइलों में व्यवस्थित करके रखा जाता है। फाइलों को हैण्डल करने के लिए उन्हें डायरेक्ट्रियों में वंशानुक्रम (Hierachy) के अनुसार व्यवस्थित किया जाता है। किसी डायरेक्ट्री में फाइलें तथा अन्य डायरेक्ट्रियाँ हो सकती हैं, जिन्हें उप-डायरेक्ट्री कहा जाता है।
उदाहरण लाइनक्स की फाइल को रिनेम करने के लिए my कमाण्ड का प्रयोग किया जाता है।
$ my oldname newname
इस कमाण्ड को रन करने पर oldname नामक फाइल का नाम newname हो जाएगा।

दीर्घ उत्तरीय प्रश्न (5 अंक)

प्रश्न 1
लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम की विभिन्न विशेषताएँ बताइए।
अथवा
लाइनक्स की विशेषताएँ बताइए।
उत्तर:
लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम विभिन्न विशेषताएँ प्रदान करता है, जिनका विवरण इस प्रकार हैं।

  1. यह एक ओपन सोर्स ऑपरेटिंग सिस्टम है अर्थात् इण्टरनेट पर लाइनक्स का सोर्स कोड फ्री में उपलब्ध होता है।
  2. लाइनक्स के कोड को यूजर द्वारा अपडेट किया जा सकता है, जिससे यूजर अपनी सुविधानुसार इसे प्रयोग कर सकते हैं।
  3. लाइनक्स वर्कस्टेशन तथा नेटवर्क में उच्चकोटि की परफॉर्मेंस देता है। लाइनक्स यूजर्स की बहुत बड़ी संख्या को एकसाथ व्यवस्थित (Manage) कर सकता है।
  4. लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम मल्टीटास्किंग होता है अर्थात् हम इसमें बहुत सारी एप्लीकेशन्स को एकसाथ चला सकते हैं।
  5. यह एक मल्टीयूजर ऑपरेटिंग सिस्टम है अर्थात् एक समय पर बहुत सारे यूजर्स इसका प्रयोग कर सकते हैं।
  6. लाइनक्स के लाइसेन्स को खरीदने के लिए पैसे खर्च नहीं करने पड़ते, क्योंकि इसे यूजर्स सीधे इण्टरनेट से डाउनलोड कर सकते हैं।
  7. लाइनक्स एक सुरक्षित ऑपरेटिंग सिस्टम है। यह सभी यूजर्स को यूजर नेम तथा पासवर्ड उपलब्ध कराता है, जिससे कोई अनाधिकृत यूजर इसे एक्सेस न कर सके।
  8. लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम TCP/IP प्रोटोकॉल का पालन करता है। यह प्रोटोकॉल ऐसे सिद्धान्तों (Principles) पर कार्य करता है, जिसकी सहायता से कोई भी कम्प्यूटर संसार के सबसे विशाल नेटवर्क इण्टरनेट से जुड़ सकता है।
  9. लाइनक्स में अपाचे (Apache) नाम का वेब सर्वर प्रोग्राम भी उपलब्ध है, जिसमें वेब पेजों को तैयार तथा व्यवस्थित किया जाता है।
  10. लाइनक्स में डॉस पर आधारित प्रोग्रामों को भी चलाया जा सकता है। इसके लिए डॉस एम्यूलेटर (Emulator) या D0SEMV नामक प्रोग्राम का प्रयोग किया जाता है।
  11. लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम स्थिर होता है। यह सिस्टम कभी धीमा नहीं पड़ता है।
  12. यूनिक्स की तरह लाइनक्स को बार-बार बन्द करके शुरू करने की आवश्यकता नहीं होती।

प्रश्न 2
लाइनक्स ऑपरेटिंग सिस्टम के भागों का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
यूनिक्स की तरह लाइनक्स में भी तीन मुख्य भाग होते हैं।

  • कर्नेल कर्नेल लाइनक्स का मुख्य भाग होता है, जो अन्य प्रोग्रामों को चलाता रहता है। यह हार्डवेयर के साथ सीधा सम्पर्क बनाता है। कर्नेल, डिस्क एवं प्रिण्टर आदि को व्यवस्थित करता है।
  • वातावरण यह यूजर और कर्नल के मध्य एक इण्टरफेस उपलब्ध कराता है।
  • फाइल संरचना यह फाइलों को स्टोर करने का कार्य करती है। फाइलों को डायरेक्ट्रियों में हाइार्की (Hierarchy) के अनुसार व्यवस्थित किया जाता है। फाइलों को हैण्डल करने के लिए विशेष कमाण्ड्स का प्रयोग किया जाता है।

जिनका विवरण इस प्रकार है।

  1. locate/whereis फाइलों को सर्च करने के लिए ।
  2. more किसी फाइल का पेज अथवा एक पंक्ति पढ़ने के लिए
  3. rm किसी फाइल को रिमूव करने के लिए।
  4. cat किसी फाइल का डाटा सर्च करने के लिए।
  5. touch नई फाइल बनाने के लिए
  6. my किसी फाइल का नाम बदलने के लिए ।
  7. cp किसी फाइल को कॉपी करने के लिए।
  8. cd करण्ट डायरेक्टरी बदलने के लिए।
  9. clear स्क्रीन साफ करने के लिए।
  10. echo स्क्रीन पर सन्देश देने के लिए
  11. man कमाण्ड्स में सहायता लेने के लिए
  12. who उपयोगकर्ता का नाम देखने के लिए

Remark:

दोस्तों अगर आपको इस Topic को समझने में कही भी कोई परेशांनी हो रही हो तो आप Comment करके हमे बता सकते है | इस टॉपिक के expert टीम मेंबर आपको solution प्रदान करेंगे|

यदि आपको https://hindilearning.in वेबसाइट में दी गयी जानकारी से लाभ मिला हो तो आप अपने दोस्तों के साथ भी शेयर कर सकते है |

हम आपके उज्जवल भविष्य की कामना करते है।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *